News
News
टीवीabp shortsABP शॉर्ट्सवीडियो पॉडकास्ट
X

पाकिस्तान गए सिद्धू के सियासी स्ट्रोक ने कराई कूटनीतिक फजीहत

मसूद खान के साथ किसी भी तरह का कोई आधिकारिक संपर्क भारत की तरफ से नहीं रखा जाता है. विरले यदि किसी सार्वजनिक कार्यक्रम में भारतीय राजनयिक या अधिकारी उनके सामने पड़ भी जाएं तो यह सुनिश्चित करते हैं कि न तो साथ बैठें और न ही बातचीत करते नज़र आएं.

Share:
नई दिल्ली: पाकिस्तान में प्रधानमंत्री इमरान खान का शपथ ग्रहण समारोह भारत के लिए एक अजीब कूटनीतिक फजीहत का सबब बन गया. क्रिकेटर से नेता बने इमरान के न्यौते पर कार्यक्रम में शरीक होने पंजाब सरकार के मंत्री और भारत के पूर्व क्रिकेटर नवजोत सिंह सिद्धू भी पहुंचे. निजी यात्रा पर पाकिस्तान पहुंचे सिद्धू कार्यक्रम के दौरान न केवल पाकिस्तान सेना प्रमुख जनरल कमर जावेद बाजवा से गले लगते नजर आए बल्कि वो कर बैठे जो आजतक किसी भारतीय नेता ने नहीं किया. मसूद खान की बगल में बैठे सिद्धू  सिद्धू पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर के सदर मसूद खान की बगल में भी बैठे और बातचीत करते भी नज़र आए. सूत्रों के मुताबिक, संभवतया यह पहला मौका था जब भारत का कोई नेता पीओके, जिसे पाकिस्तानी में आज़ाद कश्मीर कहते हैं, के  सदर के साथ एक तस्वीर में कैद हुआ. दरअसल, भारतीय कूटनीति के लिए पीओके सरकार के मंत्री और ओहदेदार अछूत हैं. उनके साथ भारत के मंत्री या नेता तो छोड़िए कोई भारतीय राजनयिक भी औपचारिक तौर पर तस्वीरों में साथ नहीं दिखता. मसूद खान के साथ भारत नहीं रखता कोई आधिकारिक संपर्क कूटनीतिक सूत्रों के मुताबिक, मसूद खान के साथ किसी भी तरह का कोई आधिकारिक संपर्क भारत की तरफ से नहीं रखा जाता है. विरले यदि किसी सार्वजनिक कार्यक्रम में भारतीय राजनयिक या अधिकारी उनके सामने पड़ भी जाएं तो यह सुनिश्चित करते हैं कि न तो साथ बैठें और न ही बातचीत करते  नज़र आएं. इसकी वजह है कि मसूद खान कश्मीर के जिस हिस्से की नुमन्दगी करते हैं उसे भारत पीओके यानी पाकिस्तान के जबरन कब्जे में मौजूद जम्मू-कश्मीर करार देता है जिसे वापस लिया जाना है. पाकिस्तान जाकर बोले सिद्धू- ‘सौ गुना मोहब्बत लेकर वापस जा रहा हूं, पाक सेना प्रमुख शांति चाहते हैं’ इस्लामाबाद में मौजूद सूत्रों के मुताबिक, समारोह के दौरान पहले सिद्धू वसीम अकरम समेत अन्य क्रिकेट खिलाड़ी साथियों के साथ बैठे थे. लेकिन बाद में उन्हें अचानक आगे की पंक्ती में बैठने के लिए ले जाया गया. सूत्रों का मानना है कि बैठक में किए गए इस बदलाव के पीछे साफ तौर पाकिस्तान की फौज संचालित उस व्यवस्था की मंशा समझी जा सकती थी जो पीओके के सदर कश्मीर और भारत से आए एक भारतीय सिख नेता को एक साथ बैठाना चाहते थे. हालांकि इस गेंद पर सिद्धू को संशय का लाभ मिलना मुश्किल है कि वो मसूद खान को पहचान न पाए हों क्योंकि कुछ देर पहले ही दोनों साथ बात करते नज़र आए थे. विदेश मंत्रालय से राजनीतिक मंजूरी लेकर गए थे सिद्धू एबीपी न्यूज़ को मिली जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार को पाकिस्तान पहुंचे नवजोत सिंह सिद्धू के साथ भारतीय उच्चायोग के अधिकारी संपर्क में भी थे. उन्हें कुछ सावधानियों के बारे में बताया भी गया था. हालांकि यह भी सच है कि पाकिस्तान की तरफ से ऐसी किसी गुगली के बारे में उन्हें आगाह नहीं किया गया था. गौरतलब है कि सिद्धू बाकायदा विदेश मंत्रालय से राजनीतिक मंजूरी लेकर आए थे. ऐसे में एक राज्य सरकार के कैबिनेट मंत्री के साथ हुई इस फजीहत को लेकर सवाल उठना लाजिमी हैं. समारोह में पहली सीट पर जगह देने पर भी विवाद विदेश मंत्रालय में लंबे समय तक पाकिस्तान डेस्क संभाल चुके पूर्व राजनयिक दिलीप सिन्हा कहते हैं कि समारोह में हुआ घटनाक्रम सीधे तौर पर एक सोची समझी योजना की ओर इशारा करता है. अन्यथा निजी हैसियत में पाकिस्तान गए किसी खिलाड़ी को शपथग्रहण समारोह में पहली सीट पर जगह कैसे दी जा सकती है. स्पष्ट है कि भारत मे कश्मीर के साथ-साथ पंजाब को भड़काने की कोशिश में जुटा पाकिस्तान एक मसूद खान और नवजोत सिंह सिद्धू को एक तस्वीर में पेश करना चाहता था. सिन्हा के मुताबिक इमरान खान की तरफ से अभी तक आए संकेत बहुत उत्साहवर्धक नहीं हैं. खासतौर पर जिस तरह भारतीय उच्चायुक्त अजय बिसरिया के साथ मुलाकात के वक्त उन्होंने भारत पर नाभिकीय हमले की बात करने वाली शिरीन मज़ार को साथ बैठाया. चर्चा में कश्मीर का मुद्दा उठाया. ऐसे में पाकिस्तान के साथ किसी भी संवाद या व्यवहार में खासे एहतियात की दरकार है. पंजाब सरकार का मन्त्री होने का कारण सिद्धू को भी ध्यान रखना चाहिए था. यह पूछे जाने पर कि क्या भारतीय उच्चायोग की तरफ से उनको ब्रीफ करने में कोई चूक हुई, सिन्हा का कहना था कि ब्रीफिंग और सिखाइश के बावजूद जब बल्लेबाज पिच पर होता है तो अकेला होता है और अपने हर स्ट्रोक के लिए ज़िम्मेदार होता है. सेना प्रमुख को सिद्धू के गले लगाने पर भी विवाद इस बीच भारत में पाक सेना प्रमुख को सिद्धू के गले लगाने और पीओके सदर के साथ बैठने ने सियासी विवाद खड़ा कर दिया. बीजेपी छोड़कर कांग्रेस में शमिल हुए पूर्व क्रिकेटर पर उनकी पुरानी पार्टी ने सवाल उठाए. पार्टी प्रवक्ता विजय सोनकर शास्त्री ने कहा कि सिद्धू को देश की तरफ से नही भेजा गया है. लेकिन व्यक्तिगत संबंध देश से बड़ा नहीं होता है. भारत और पाक के रिश्ते अच्छे नही है. ऐसे में उनको इस पर विचार करना चाहिए था और देश हित के ऊपर स्वहित न हो. वो अपने मन से गए, गले मिले. देश हित से ऊपर स्वहित क्यों हो गया? वहीं कांग्रेस पार्टी सिद्धू के कारनामे पर विकेट बचाती नज़र आई. पंजाब की प्रभारी आशा कुमारी ने एबीपी न्यूज़ से बातचीत में इतना ही कहा कि सिद्धू का यह पाकिस्तान दौरा उनकी निजी यात्रा है. निजी यात्रा में वो क्या करते हैं इससे पार्टी का कोई लेना देना नहीं है. वहीं पंजाब प्रदेश कांग्रेस प्रमुख सुनील जाखड़ ने बीजेपी पर पलटवार करते हुए कहा कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बिना बुलाये पाक पीएम के घर शादी में जा सकते हैं तो फिर सिद्धू तो एक खिलाड़ी के तौर पर दूसरे खिलाड़ी के न्यौते पर गए. जाखड़ ने मसूद खान के बगल में सिद्धू को बिठाए जाने को आईएसआई की चाल करार दिया. पाकिस्तान गए सिद्धू का पूरा बयान सुनें-

यह भी पढ़ें-

Kerala Flood Live: केरल में फिर होगी आफत की बारिश, PM मोदी ने दिया 500 करोड़ रु. का राहत पैकेज

केरल बाढ़: चिंतित UN ने कहा- भारत आपदा से निपटने में सक्षम, हमारी भी नजर बनी हुई है

इमरान के शपथग्रहण में सिद्धू की शिरकत पर विवाद, बाजवा से गले मिले तो PoK के राष्ट्रपति के साथ बैठे

सबसे ज्यादा GDP मनमोहन सिंह के PM रहते वक्त हुआ, 10.08 प्रतिशत रहा

Published at : 18 Aug 2018 05:17 PM (IST) Tags: navjot singh sidhu
हिंदी समाचार, ब्रेकिंग न्यूज़ हिंदी में सबसे पहले पढ़ें abp News पर। सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट एबीपी न्यूज़ पर पढ़ें बॉलीवुड, खेल जगत, कोरोना Vaccine से जुड़ी ख़बरें। For more related stories, follow: News in Hindi

यह भी पढ़ें

पाइल्स सर्जरी के बाद भी नहीं मिली छुट्टी... लोको पायलट ने पैंट उतारकर दिखा दिए घाव, जानें फिर क्या हुआ?

पाइल्स सर्जरी के बाद भी नहीं मिली छुट्टी... लोको पायलट ने पैंट उतारकर दिखा दिए घाव, जानें फिर क्या हुआ?

मिडिल ईस्ट में छिड़ी जंग के बीच भारत ने कर दिया कमाल! इस हथियार से कांपेगा पाकिस्तान, अमेरीका भी हैरान

मिडिल ईस्ट में छिड़ी जंग के बीच भारत ने कर दिया कमाल! इस हथियार से कांपेगा पाकिस्तान, अमेरीका भी हैरान

गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के वकील पर गोली चलने के मामले में बड़ा एक्शन, दिल्ली पुलिस ने आरोपी रोहित सोलंकी को किया गिरफ्तार

गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के वकील पर गोली चलने के मामले में बड़ा एक्शन, दिल्ली पुलिस ने आरोपी रोहित सोलंकी को किया गिरफ्तार

सांसद गौरव गोगोई लड़ेंगे असम विधानसभा का चुनाव, कांग्रेस की पहली लिस्ट जारी

सांसद गौरव गोगोई लड़ेंगे असम विधानसभा का चुनाव, कांग्रेस की पहली लिस्ट जारी

US Iran War: ईरान जंग के बीच भारत का बड़ा फैसला, रूस से खरीदेगा S-400 एयर डिफेंस सिस्टम

US Iran War: ईरान जंग के बीच भारत का बड़ा फैसला, रूस से खरीदेगा S-400 एयर डिफेंस सिस्टम

टॉप स्टोरीज

Holi 2026: देशभर में मनाई जा रही होली, बसपा चीफ मायावती ने खास अंदाज में दी बधाई, जानें क्या कहा?

Holi 2026: देशभर में मनाई जा रही होली, बसपा चीफ मायावती ने खास अंदाज में दी बधाई, जानें क्या कहा?

राज कपूर से अमिताभ बच्चन तक, ऐसी होती थी बॉलीवुड सितारों की शानदार होली पार्टियां

राज कपूर से अमिताभ बच्चन तक, ऐसी होती थी बॉलीवुड सितारों की शानदार होली पार्टियां

SA vs NZ Semifinal: साउथ अफ्रीका- न्यूजीलैंड सेमीफाइनल पर बारिश का खतरा? जानिए मैच धुला तो किस टीम को मिलेगी फाइनल में एंट्री

SA vs NZ Semifinal: साउथ अफ्रीका- न्यूजीलैंड सेमीफाइनल पर बारिश का खतरा? जानिए मैच धुला तो किस टीम को मिलेगी फाइनल में एंट्री

Holi 2026: भारत के अलावा कहां-कहां खेली जाती है होली, देख लीजिए लिस्ट

Holi 2026: भारत के अलावा कहां-कहां खेली जाती है होली, देख लीजिए लिस्ट